IQNA

20:30 - November 24, 2014
समाचार आईडी: 2611395
सैयद हसन नस्रुल्लाह के प्रतिनिधि,

तक्फ़ीरियों को मजबूत करने का उद्देश्य यहूदियत के लिए सुरक्षित माहौल बनाना है

अंतर्राष्ट्रीय समूह: अतिवादी और excommunicating आंदोलनों की वर्ल्ड कांग्रेस में सैयद हसन नस्रुल्लाह लेबनान हिज़्बुल्ला के महासचिव के विशेष दूत के रूप में हुज्जतुल इस्लाम इब्राहिम अमीन अल-सैयद ने तक्फ़ीरियों को मजबूत करने का उद्देश्य यहूदियत के लिए सुरक्षित माहौल बनाना बताया.


अंतर्राष्ट्रीय कुरान समाचार एजेंसी (IQNA), Hojatoleslam इब्राहिम अमीन अल-सय्यद, लेबनान में हिजबुल्लाह की राजनीतिक परिषद के अध्यक्ष व केंद्रीय परिषद के सदस्य ने सम्मेलन में कहा: तक्फ़ीरी लोग मुसलमानों और गैर मुसलमानों के बीच सभी आम व कामन बातों ख़त्म करने कोशिश कर रे हैं ता कि संघर्ष और लड़ाई के अलावा कुछ बाक़ी न रहे, वह लोग हत्या, बलात्कार और अपराधों को जो कर रहे हैं औचित्य साबित करना चाहते हैं.
सैयद अमीन ने इस ओर संकेत देते हुऐ कि excommunicating प्रवृत्तियों का खतरा अगली पीढ़ी पर प्रभाव के ऐतेबार से काफी महत्व का कारण है, कहाः यह विचार कारण होंगे कि बाद की पीढ़ियां, अतिवादी,कुफ़्र और इस्लाम से दूर हो जाऐंगी और इसी इस तरह के सम्मेलन इस्लामी स्थिति को बढ़ावा देने के लिए बहुत महत्वपूर्ण और आवश्यक है.
हिजबुल्लाह की राजनीतिक परिषद के अध्यक्ष ने अपने भाषण को जारी रखते हुऐ इस बात पर बल दिया कि तक्फ़ीरी समूह इस्लाम दुश्मनों के उद्देश्यों की सेवा में लगे हैं,और कहाः तक्फ़ीरियों को मजबूत करने व बनाने का उद्देश्य इस्लामी उम्मत में मतभेद पैदा करना,दाख़ली संघर्ष में उलझाना,अरबी सैनिकों को विफल करना तथा यहूदियत के लिए सुरक्षित माहौल बनाना है.
उन्हों ने अपने भाषण के अंत में कहाःतक्फ़ीरी विचारों से मुक़ाबला बौद्धिक और वैचारिक सूरत से होना चाहिऐ उन्हों ने इस्लाम और मुसलमानों और सभी इस्लामी देशों और समुदायों को लक्षित किया है और तक्फ़ीरियों  से निपटने के लिए प्राथमिक जिम्मेदारी विज्ञान केन्द्रों और पार्टियों व समूहों पर है.
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